सुपौल : धोखेबाज पति के उपेक्षा का शिकार हुई दिव्यांग, लगा रही न्याय की गुहार।

0
667
- Advertisement -
https://youtu.be/tGOEjyIUYIQ
सोनू आलम / बलराम कुमार
एक दिव्यांग महिला न्याय के लिए दर-दर की ठोकर खा रही है। महिला का आरोप है कि पहले पति को संबंध समाप्त होने के बाद फेसबुक पर आरा के एक लड़के से प्यार हुआ, फिर नजदीकियां बढ़ी और दो साल पहले ही आरा से आए प्रेमी से कोर्ट मैरिज हो गई। दो साल तक सब ठीक था, दोनों पति-पत्नी की तरह रहते थे और कुछ दिन पहले इस दूसरे पति ने अब पीड़िता को छोड़ दिया है। लिहाजा पीड़िता ने महिला थाने से लेकर सुपौल एसपी, आरा जिला के संबंधित थाना सहित वहाँ के एसपी से भी मामले की शिकायत किया है, लेकिन कहीं भी आश्वासन के सिवा न्याय नहीं मिल पा रहा है। लिहाजा पीड़िता ने महिला अधिकार के लिए कार्य करने वाली एक संस्था के पास भी न्याय की गुहार लगायी है।
दरअसल श्यामल भारती नाम की पीड़िता सुपौल सदर बाजार के वार्ड नंबर 26 में रहती है। करीब दस साल पहले बड़े ही धूमधाम से इनकी शादी सुपौल के एक शख्स से हुई थी, उक्त शादी ज़्यादा दिनों तक नहीं चल सकी तथा पति-पत्नी दोनों अलग रहने लगे। इस बीच श्यामल भारती को दो साल पहले फेसबुक पर आरा के शक्ति कुमार नाम के लड़के से प्यार हो गया। दोनों के बीच प्रेम परवान चढ़ने लगा, आरा का प्रेमी शक्ति, श्यामल के घर सुपौल आने-जाने लगा चूंकि लड़की दिव्यांग है, लिहाजा उसका सारा देखरेख उसकी माँ एवं भाई करते है, जो बाहर रहते है।  आरा के लड़के ने उक्त महिला से कोर्ट मैरेज और मंदिर में विधिवत शादी रचा लिया और दो साल तक आते-जाते रहा तथा पति-पत्नी की तरह रह रहे थे। इधर कुछ दिन पहले जब महिला ने ससुराल जाने की जिद की तो आरोप है कि उक्त प्रेमी व दूसरे पति शक्ति ने इसे अब धमकाना शुरू कर दिया है। लिहाजा महिला अब न्याय के लिए दर-दर की ठोकर खा रही है। महिला अधिकार के लिए संघर्ष करने वाली इंटरनेशनल ह्यूमेन राइट के ह्यूमेन विंग की अंजना सिंह के पास पीड़ित महिला फरियाद लेकर पहुंची जिसके बाद अंजना सिंह ने महिला को न्याय दिलाने के लिए महिला थाना, सुपौल एसपी, महिला हेल्प लाइन से लेकर आरा एसपी को भी इस बाबत जानकारी दिया है। अब देखना है पीड़ित दिव्यांग महिला को कब तक न्याय मिल पाता है, हमने प्रेमी शक्ति कुमार से भी सम्पर्क साधने की कोशिश की, किन्तु संपर्क नहीं हो सका। ये महज आरोप है या सच्चाई इससे तो पुलिस ही पर्दा उठा सकती है, फिलहाल पीड़ित महिला न्याय के लिए हर उस दरवाजे को खटखटा रही है, जहाँ से थोड़ी सी भी न्याय मिलने की उम्मीद है।
- Advertisement -